Monday, 8 June 2015

आई लव यु कह देना चाहिए (Mujhe use I Love You kah dena chahiye?)

फ्रेंड्स, मेरा नाम कविता है और आज मैं आप सबसे मेरी रियल लव स्टोरी शेयर कर रही हूँ. उस दिन मैं अपने आप को काफ़ी समझाने की कोशिश कर रही थी पर मुझे यकीन नही हो रहा था कि अब आशीष और मेरा ब्रेक-अप हो चुका है और अब हम कभी भी दुबारा नही मिलेंगे. 
 आशीष बहुत ही स्मार्ट और हॅंडसम लड़का है. मुझे याद है जब भी हम मिलते थे और वो मेरी तरफ देखता था तो मुझे बहुत अच्छा लगता था पर अब ऐसा कुछ नही था क्यूंकी हमारी रिलेशन्षिप टूट चुकी थी यानी ब्रेक-अप हो गया था. वो प्यार अब दर्द में बदल चुका था. मैने उसको हमेशा ही प्यार किया पर पता नही क्यूँ वो मेरी फीलिंग्स समझ ही नही पाया कभी. आशीष मेरा पहला प्यार था और उसके साथ मैने काफ़ी सपने देखे थे अपने फ्यूचर को लेकर. मुझे यकीन ही नही हो रहा था की अब हम साथ नही है. शायद लाइफ में हमेशा वैसा नही होता जैसा हम चाहते हैं…!! 
मैने आशीष के लिए सब कुछ किया पर फिर भी उसने मुझे छोड़ दिया. शायद सभी लड़के एक जैसे ही होते हैं . मैं रोना चाहती थी पर रो भी नही पा रही थी. सिर्फ़ यह सोच कर कि आख़िर लोग क्या कहेंगे कि जिस लड़के ने मेरे प्यार की परवाह नही की, मैं उसके लिए रो रही हूँ. आशीष ने मुझे सिर्फ़ इसलिए छोड़ दिया क्यूंकी उसे किसी और लड़की से प्यार हो गया था. मैं बहुत ही एमोशनल और सेंटिमेंटल लड़की हूँ. चाहकर भी अपने आँसू रोक नही पा रही थी .इसलिए मैने उस दिन अपना चेहरा अपने हाथो से कवर कर लिया ताकि कोई मुझे रोता हुआ ना देख सके. 
मैं अपने आपको बहुत ही वीक फील कर रही थी. तभी मुझे एक आवाज़ सुनाई दी और जब मैने देखा तो वो रितेश था . रितेश मेरा क्लासमेट है जो मेरे साथ ही पढता है और उस दिन उसने जब मुझे रोते हुए देखा तो वो समझ गया था कि मैं आशीष की वजह से रो रही हूँ . उसने मुझे काफ़ी देर समझाया भी . मैने देखा कि उसके हाथ में एक बुक थी जिसका टाइटल ‘चॉक्लेट इन 101 वेज’ था. 
 मुझे लगा की शायद वो कोई चॉक्लेट रेसिपी बुक है. तभी रितेश ने अपनी पॉकेट से मुझे एक चॉक्लेट निकाल कर दी. और जब मैने रितेश से यह पूछा की ये चॉक्लेट किस लिए..? तो रितेश ने कहा की मुझे पता है तुमको चॉक्लेट बहुत पसंद है और आज तुम बहुत दुखी हो तो शायद चॉक्लेट खा कर तुम थोड़ा अच्छा फील करो. 
मुझे रितेश की यह बात सुन कर तोड़ा अजीब तो लगा पर मुझको अच्छा भी लग रहा था की रितेश मेरे लिए चॉक्लेट लेकर आया और उसने मेरा मूड अच्छा करने की कोशिश की. फिर रितेश और मैने काफ़ी देर तक काफ़ी बातें भी की. अब मेरा मूड थोडा ठीक हो रहा था . रितेश भी मुझे खुश करने की काफ़ी कोशिश कर रहा था. रितेश ने मुझसे कहा की आशीष ने तुम्हारे साथ ब्रेक-उप किया है क्यूंकी वो तुम्हें डिजर्व नहीं करता। इसलिए इस बात से तुमको दुखी होने की ज़रूरत नही है. . आशीष बहुत ही अनलकी है जिसने तुम जैसी अच्छी लड़की से ब्रेक-अप कर लिया. उसने तुमको ऐसी लड़की के लिए छोड़ दिया जो ना तो तुम जैसी ब्यूटिफुल है और ना ही इंटेलिजेंट. मुझे रितेश की यह सब बात सुनकर काफ़ी अच्छा लग रहा था और फाइनली आई स्माइल्ड …!! उसके बाद मैने वो चॉक्लेट भी खाई जो रितेश ने मुझे दी थी. उस चॉक्लेट का टेस्ट बहुत ही अच्छा था. रितेश ने मुझे कहा भी की उसने मेरे फेस पर स्माइल ला ही दी . ये सच भी था. रितेश बहुत ही अच्छा लड़का है. वो क्लास का काफ़ी इंटेलिजेंट स्टूडेंट है एंड टुडे ही मेड मी स्माइल आल्सो इसलिए मैंने उसे कहा की मेरे साथ बातें करने के लिए थैंक्स ! तुमने मेरा मन हल्का कर दिया। उसने भी स्माइल करके रेस्पॉन्स दिया.मुझे भी काफ़ी अच्छा लग रहा था . और मुझे लगा की आज रितेश ने मुझे मेरे अकेलेपन से बाहर निकाला है. इस तरह से रितेश और मेरी ब्यूटिफुल फ्रेंडशिप की शुरुआत हुई. उस दिन मुझे पता नही था लेकिन एक्चुअली ये हमारे प्यार की बिगिनिंग थी. 
 कुछ ही दिनों में हम बहुत ही गहरे दोस्त हो गये. क्यूंकी रितेश ने मेरे बुरे वक़्त में मुझसे बातें की और मेरा साथ दिया इसलिए मैं भी उसे अपने दिल की हर बात शेयर कर लेती हूँ. और अब तो ऐसा लगता ही नहीं की मैने कभी उस ईडियट आशीष से भी प्यार किया था जो सिर्फ़ मुझे अपने साथ घुमाने में इंट्रेस्टेड रहता था जिससे की बाकी लड़कों पे उसका इंप्रेशन पड़े. उसने कभी मुझसे ऐसे साथ बैठ कर बातें नहीं की जैसे की रितेश करता है. फ्रेंड्स, आपको क्या लगता है 
मुझे रितेश को आई लव यु कह देना चाहिए (Kya mujhe use I Love You kah dena chahiye?) या अभी और वेट करूँ?

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