Monday, 13 July 2015

सुविचार स्वामी विवेकानंद का

  1. अपने लिए एक लक्ष्य बनाओ , और उस लक्ष्य को अपना जीवन बनाओ, उसी के बारे में सोचो , उसी के सपने देखो और उसी लक्ष्य के लिए जियो, अपना तन मन, दिमाग को उसी में लगाओ और सारी चिंताओं को भूल जाओ, यही सफलता का रास्ता है ~ स्वामी विवेकानंद
  2. हम जैसा सोचते हैं तुम वैसा ही बन जाते हैं, तो कोशिश करें आप जैसा बनना चाहते हैं वैसा ही सोचें और महसूस करें ~ स्वामी विवेकानंद
  3. मनुष्य को अंदर से विकसित होना चाहिए, ये आपको कोई नहीं सीखा सकता आपकी अन्तरात्मा ही आपको सीखा सकती है ~ स्वामी विवेकानंद  
  4. मानव के शरीर रूपी मंदिर में ही भगवान का वास है, जिस दिन इस सच्चाई को लोग मानने लगेंगे उसी दिन हम दुनियां के हर दुःख और हर बंधन से मुक्ति पा लेंगे ~ स्वामी विवेकानंद
  5. आप भगवान में विश्वास नहीं कर सकते जब तक आप खुद पे विश्वास करना ना सिख लें ~ स्वामी विवेकानंद 
  6. उठो जागो और तब तक मत रुको जब तक आप अपना लक्ष्य हासिल ना कर लो ~ स्वामी विवेकानंद 
  7. जितना हम अच्छा सोचेंगे और जितना दूसरों का भला करेंगे उतना ही हमारा हृदय शुद्ध होता जायेगा और उसमें भगवान का निवास होगा ~ स्वामी विवेकानंद 
  8. इस पूरे ब्रह्माण्ड में जो शक्ति है वो सब हममें मौजूद है और वो हम ही हैं जो खुद अपनी आँखें बंद करके अंधकार में शक्तियों को नहीं पहचान पा रहे हैं ~ स्वामी विवेकानंद 
  9. ये कभी मत सोचिये कि आत्मा के लिए कोई काम असंभव है, अगर कोई बुराई है तो वो सिर्फ ये कि हम मान लेते हैं कि हम कमजोर हैं या दूसरे कमजोर हैं ~ स्वामी विवेकानंद 
  10. हम उस भगवान को कहीं नहीं ढूंढ सकते जिसे हम अपने हृदय या दूसरों के हृदय में नहीं देख सकते ~ स्वामी विवेकानंद

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